जाने क्या है नमक की अफवाह,अब चीनी का भी नाम, घबराये नहीं कालाबाजारियों की है ये चाल!

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अंग्रेजो के वक्त पर नमक पर काफी विशेष कर लगता था जिसके विरुद्ध महात्मा गांधी ने १९३० में नमक सत्याग्रह (दांडी मार्च ) भी किया था !

देश की स्वतंत्रता के बाद नमक पर कर का काफी कम  प्रावधान  किया गया ये इसलिए क्योंकि अंग्रेजो के शाशनकाल में भारतीय स्वयं के निर्माण की बजाये बाहर का नमक खाने को विवश था जो अत्यंत कर के मंहगा भी था ! इसी लिए आज भी नमक टैक्स फ्री है ! द सेंट्रल एक्साईस एंड साल्ट टैक्स 1944 में काफी कम कर का प्रावधान  किया गया ! चूँकि नमक का उत्पादन देश में सबसे ज्यादा कच्छ में होता है अतः वहां यह कालाबाजार में भी प्रचुरता से बिकता है !

इसी लिए कालाबाजारी एवं कालेधन वाले इसे मंहगे दाम पर खरीद कर स्टाक लगा रहे हैं जिससे वे इसे व्हाईट में दुबारा बेंचे ! पर ध्यान देने योग्य बात यह है की भारत में प्रचुर मात्रा में नमक उपलब्ध है और यहाँ इसका उत्पादन भी जबरदस्त तरीके से होता है ऐसे में कोई कमी नहीं आने वाली ! हाँ यह जरुर है कि कुछ दिनों के लिए उतार चढाव देखने को मिले !

भारत में लोग स्वयं के मस्तिष्क से ज्यादा दूसरो पर भरोसा करते हैं ! पता नहीं क्यों या तो आलस्य होता है या ये कोई जैविक आदत ही है ! इसी का फायदा ये विरोधी उठाते हैं ! झूठ तब तक बोलो जब तक वह सच न मान लिया जाए ! इसी की तर्ज पर भ्रामकता,अराजकता फैलाकर लोगो के सरकार के विरुद्ध करना चाहते हैं ! यहाँ सुनी ज्यादा जाती है समझी कम ! इसी तर्ज पर नमक चीनी क्या आगामी समय में दाल से लेकर कर और बेहद ज़रूरी चीजों पर यह अफवाह फैलाई जा सकती है ! अतः पाठको से निवेदन है की ऐसे अफवाहों से बचें !

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विस्तार से 

छोटे नोटों की कमी से आज बाजार में नमक जैसी जरूरी चीजों की कालाबाजारी की अफवाह फैल गई क्योंकि दुकानदारों ने बड़े नोटों की पेशकश किए जाने पर छुट्टे पैसे देने से मना कर दिए. मुरादाबाद में यह अफवाह फैली कि बाजार से नमक गायब हो गया है और दुकानदार महंगी कीमत में नमक बेच रहे हैं. इसके बाद ग्राहक परेशान होकर बाजार में उमड़ पड़े. विशेष रूप से दिल्‍ली, यूपी और उत्‍तराखंड के कई हिस्‍सों में इस तरह की अफवाह फैली है.
यूपी के कई शहरों में नमक की कमी की अफवाहों के चलते इसको खरीदने के लिए लंबी कतारें देखी गईं. मुरादाबाद में दुकानों में 200 रुपये किलो तक नमक बिका और कई दुकानों के बाहर अफरातफरी के माहौल के बीच लोग एक पैकेट नमक खरीदने के लिए संघर्ष करते दिखे.
गोंडा जिले में शहर की प्रमुख सब्‍जी मंडी से इसकी लूट की भी खबरें हैं. वहां पर लोगों को नमक की बोरियां लूटकर ले जाते हुए देखा गया और किसी ने उनको नहीं रोका.    यूपी के कई अन्‍य जिलों में भी ऐसी ही घटनाओं की खबरें हैं. इस संबंध में उत्‍तर प्रदेश सरकार ने कहा है कि परेशान होने की कोई बात नहीं और राज्‍य में कहीं भी नमक की किल्‍लत नहीं है. सूत्रों के मुताबिक यूपी पुलिस ने सभी जिले के पुलिस प्रमुखों को आदेश दिया है कि वह अफवाह फैलाने वालों और अधिक कीमत पर नमक बेचने वालों के खिलाफ कार्रवाई करें. राज्‍य के चीफ सेक्रेट्री ने सभी जिलों के अधिकारियों से बातचीत कर चीजों को सामान्‍य बनाने के लिए निर्देश दिए हैं.

इसके बाद यूपी के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव और गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रूपानी ने भी कहा कि नमक की कहीं किल्लत नहीं है।

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